Friday, February 21, 2020

Hosla rakh.....


चल पड़े हो जिस सफर पर....... क़ायम तू..... हौसला रख,

राहों में कहीं सहरा.....कहीं पे समंदर भी आयेंगे, 

कभी न कभी लहरें तुम्हें.....साहिल पर छोड़ जायेंगे !!

खुले आसमां से.....तू डर मत.....पर् तो मिले है तुझे, 

उड़ान को ऊंची..... साहस भी आ जायेंगे !!

पेड़ है....पतझड़ तो आएंगे....रिश्तें है तो कुछ

सर इल्ज़ाम भी लायेंगे.....संयम संग चले तो सब 

निपट जायेंगे !!

मंज़िल की प्यास न छोड़...... होड़ में तू न दौड़, 

आज है जो थमा थमा सा.... कल की बारिश में 

चल निकलेगा वो  !! 

रूप - रंग नहीं..... अपनी सोच की थोड़ी चाल 

बदल......मिजाज़ ख़ुद बदल जायेंगे ,

मरहम का पता हो तो......ज़ख़्म भी सूख जायेंगे  !!



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