Friday, January 31, 2020

Aurat...dost ya dushman



महफ़िल में जब भी बात होती है,.....ये बात बहुत आम होती है !

शुरू कही से भी हो,..... ख़त्म औरत पर बात होती है 😍😍

फ़िर लगी यारों की महफ़िल,..... निकली भड़ास दिल की !

देखूँ सूरत आईने में,....सिरत क्यों,.....दिखने लगती है 😊😊  

यार,... औरत ही औरत की दुश्मन क्यों लगती है !!

सवाल में इतनी गहराई है,.... नाप सके न आज तक जिसे खुदाई है 😖😖

तुमने आज अगर गुहार लगाई है,.....तो सुन,... ये सच्चाई है !!

औरत त्याग की मूरत होती है,.....खुदको को छोड़ सबकी क़द्र होती है 😐😐

माँ होकर भी,.....एक माँ का दर्द करती अनदेखा है,....बेटी होकर भी बेटी से ही पंगा है !!

कहने को तो परिवार की धुरी है,....समझना ये जरुरी है नारी - नारी के बिन अधूरी है 😊😊

अपना हक़ और मंज़िल पाना आसान हो जाए,..... अगर औरत हि औरत की दोस्त हो जाए !! 

अगर सच हो ये बातें तो विचार करो,.... खुदके जैसा दूसरों संग व्यवहार करो 💕💕

वर्ना,....... हाथ जोड़े हूँ,.... मुझे माफ़ करो  🙏🙏🙏

Tuesday, January 28, 2020

Kissa..zindgi ka



याद है आज भी वो क़िस्सा,.....  
               
                 जो बन गया ज़िंदगी का अहम् हिस्सा !!

हॉस्टल की चार दीवारी में कैद लगती थी ज़िंदगी,.....   
                
                  बाहर के शोर से अंदर वीरान सी थी ज़िंदगी !!

जब भी माँ का हाथ गेट पर छूटा,..... 
                
                  दिल में हमेशा कुछ न कुछ टूटा !!

उन्हें जाते आख़िरी मोड़ तक निहारते रहती,......  
                 
                   फिर कब मिलना होगा मन में सोचती रहती !!

क्यों ख़ुदको मुझसे दूर किया,......  
                  
                    मेरे साथ ही क्यों ये अन्याय किया !!

पढ़ाई क्या इतना जरुरी है,.....  
                  
                     इसके लिए अपनों से जुदाई क्यों जरुरी है !!

उन नादान सवालों का आज मुझे ज़वाब मिला,..... 
                  
                    जब राहों में खुदको अपने बल खड़ा पाया  !! 

गुरुओं के सीख पर आज होता मुझे गुरुर है,....  
                  
                    सिखाया गुर हर मोड़ काम आता जरूर है !!

बचपन का लिखा वो लेख,.....आज सच लगता हैं !!

                 "तप कर हि इंसान और निखरता है "


Monday, January 27, 2020

Dil ki baatein...




मेरे कलम से निकला,..... एक कलाम था !!

यारों में जिसका चर्चा,..... सरेआम था 😍😍

गर्दिश में थे तारे,.... देखे फिर भी..... सपने तुम्हरे !!

यारों की तो चल निकली,.... हम ही रह गए कुँवारे 😁😁😁

पूछते है यार सब,..... प्यार क्या होता हैं !!

तुम्हें नहीं हुआ तो क्या,..... जहां में तो होता हैं 💕💕

दर्द - ए - दिल इस कदर भी बयाँ होता है...... 💬💬

प्यार तो,...... इक पल का मेहमाँ होता है !! 

बाकि तो ज़रूरत और आदत का,..... पैर जमा होता है 💔💔 

और बेचारा दिल,......इसी खुशफ़ैमी में,....ख़ुश होता रहता हैं 💓💓

Sunday, January 26, 2020

Har hind hamara....












हम हो हर हिन्दुस्तानी के,.....और हर हिन्द हमारा हो,

पहले हिन्दुस्तानी हम,.....जन - जन का ये बस नारा हो !!


गंगा हो या यमुना हो,.....निश्छल बहने का जज़्बा हो,

हे ईश्वर, तेरे इस जहां में,......नफ़रत का न इक क़तरा हो !!

हम हो हर हिन्दुस्तानी के,......और हर हिन्द हमारा हो,

सिर्फ शीष गिराने में नहीं,......खींची लक़ीर मिटाने का भी जज़्बा हो!!


जब भी गिरु इस धरा पर,......हाथ में बस तिरंगा हो,

जितने दफे लू जनम,......सरजमीं वो भारतवर्ष हमारा हो !! 












Thursday, January 23, 2020

Yaadon ka karobaar....



दिल को जो सुक़ून दे ,..... चलो कुछ ऐसी बात करें ,

पुरानी राहों से गुज़रकर.......फिर उनका दीदार करें 💦💦💦        

रोज की भागादौड़ी से......कुछ लम्हें तो अपने नाम करे ,

आओ फिर से यादों का क़ारोबार करें.....💓💓💓

मुदत्तों बाद वो तराना याद आया,......हर लम्हें में वो अफ़साना याद आया,

खफ़ा था जिससे जमाना,.....मुफ़लिसी में दिया वो नज़राना याद आया 💞💞💞

तेरी राहों में ख़ुश्क पत्तों की तरह,.....बिखरना याद आया !!

आज भी दिल है, इसी आज़माईश में ...... 💝💝💝

पाए जख्मों पर तंज़ करें....या नाज़ करें ,

उन सर्द आँखो से इश्क़ करें.....या उन पर रश्क़ करें 💕💕💕

डूबी कश्ती हूँ आज .....छोड़ो साहिल की क्या बात करे !!

आओ फिर से यादों का क़ारोबार करें.....💑


Saturday, January 18, 2020

Maan re.....



ख्वाहिसों के पर लगे है ऐसे,....दूर गगन पतंगों की रेस हो जैसे 💕💕💕


क्यों पल - पल बढ़ती मन की आशा,....चाहे क्यों पूरी हो सब अभिलाषा ♩♩


कितने ख़्वाब अधूरे है,... फिर जगे क्यों इतने खवाहिशे है 💖💖💖


कई दफ़े कहा,....♪♪


रे मन तू इस कदर न चल,.....न कतरो में ख़ुदको जला ♩♩


फिर वही यादों की रात होगी,.....तेरे अरमानों की बात होगी 💕💕💕


ख्वाहिसों के बादल फिर छाएंगे,.....बारिश तो होगी पर तेरे अश्क़ सुख जाएंगे ♩♩


इन सुनी पलकों में भर आया धुँआ,....बंदिशों की धूप में जब से झुलसा है जहां 💘💘💘


मन तू क्यों भागे उसी ओर,....गिरह की डोर उलझी है जिस छोड़ ♩♩


बावरे इस मन की बातें,......कभी बावरे नैन भी समझ न पाए 💝💝💝


सुकून में भी छाई वीरानी है,......तेरी हर ख़्वाहिश पे होती हैरानी है ♩♩


रे मन तू क्यों इस कदर भागे है,......💗💗💗






Wednesday, January 15, 2020

Sapne....jo hai apne

                                 
                    


                                    रोज़ - रोज़ पलकों तले,... आते हो तुम दबे पाँव चले !

कुछ खट्टी - कुछ फीकी मुस्कुराहटों में ,....ज़िंदगी के कई सिलवटें लिए !!

बदलती रुत में भी देखा तुम्हें,.....बदलती रात के चादर तले !

छत पर जैसे ओस की शबनम ढले,...तू पिघलता है रोज मेरे सिरहाने तले !!

तेरा इंतज़ार बुझी पलकें ही नहीं,......दिल भी करता है !

ख्वाहिशें लेती है करवटें,.....और दिल चादर बदलता है !!

क्या कहूँ यारों.... सपनों का तो ये आलम है !

बंद हो तो क़ायम है,....खुली पलकें तो गायब है !!

बेगानी इस जहां में लगता कोई तो अपना है,....इन जगी आँखों में आता एक हि सपना है !

ख़ुदा की रेहमत में,.. मैं भी शुमार हो जाऊ,....एक दिन में भी ग़ालिब या गुलज़ार हो जाऊ !!






Sunday, January 12, 2020

Safarnama

“Zindgi aa raha hoon mein.…phir se..,

         dene imtihan aur karne mohabat bepanah…phir se..,”

“Chhod diya aitbaar karna tab se…,

         jab hui mulakaat aye zindgi Tumse..,

           kahte hai tu hai toh hum hai..,

             hum hai toh tu hai…,

               dur hua mein sabse…,

                  khud ko khokar paya jab...Tumse..,”

“Diya hai tune jo bhi mujhko..,

                          shikayat nahi aab kuch bhi Mujhko..,

bus yuhi jiye ja raha tha mein..,

                               khud ko raja maan raha tha mein..,

ye na maloom tha Mujhko...,

                                     aakhon mein basaya hai Jinko..,

ek din mahroom kar degi khud ke zindgi se.....,

                                                                           ....yuhi… Mujhko,”

“Pal pal badalti hai Zindgi....,

                                       .....aakhon mein dhalti hai Zindgi..,

koi na jaan paya isse.…uljhan hai…

                                                         .....ya....hai bebashi,

har aazmaish mein jab aah nikalti hai…,

                                        tab lagta hai kya yahi hai…."Zindgi”

Saturday, January 11, 2020

Talaash mein...


बिना पतझड़ साख़ भी पड़े,... सुने है,


छत पर बैठा काक मौन है,...ये कैसी अनहोनी है !!


दूर गगन में धीमा पड़ा ,...आज सूरज है,


इक प्यासे तुम हि नहीं,...जल की एक बूँद को तरसता वो भी है !!


झुलसा जग का कोना - कोना,... बरस रहे शोले आज,


रात सी फ़ैली इस चादर में,....जुर्म के पाँव,..बाहर है आज !!


दहक उठी धरा भी,... ज़न्नत की तलाश में,


हर गली में छुपा धर्म,... जेहाद के लिबास में !!


दूर नहीं वो दिन जब,....एक तलवार न होगी मयान में,


धर इतने होंगे धरा पर,....की जगह न होगी शमशान में !!


सोचा न था, हालत ऐसी होगी,....साल के शुरुआत में,


खत्म ये रंजो ग़म हो,... हम भी बैठे है इसी इंतज़ार में !!

Thursday, January 09, 2020

Kya likhu...aajkal


सब पूछते है,.... क्या करते हो आजकल,

लिखते हो ,..... क्या लिखते हो आजकल,

 क्रांति नहीं,.... शांति लाने की कोशिश है आजकल,

ख़ुदा ने बनाया ज़न्नत का,... मुखड़ा ये जहां,

देखो आज तो लगता है,.... टुकड़ो में बटा ये जहां !!

कोई किसी की सुनता नहीं,...गिला -शिक़वा बेकार है,

यहाँ अपनों  की ख़बर भी देता अख़बार है !!

बिकते यहाँ हालात और विचार है,...जो टीवी पर आते सुबह शाम है,

मंदिरों पर टिकी सियासत है,.. गुनाहगार गिरफ्त से बाहर है !!

सत्यम शिवम् सुंदरूम, विद्या ददाति विनयम, जहाँ सीखा हमने,

आज बना वो सियासी व्यापार है,....हम मुक दर्शक जो लाचार है !!

प्याज से सस्ते यहाँ ईमान है,...खुदको कहते हम मनु की संतान है,

रोष तो है सबके अंदर,.....क्या बोलू, क्या रखूँ,सब है इसी झंझट में,

डर है,... उलझ ना जाए किसी अनसुलझे उलझन में !!

हमसे पनपा रावण भी निकल बाहर अट्ठाश लगाता है :-

                                मैं तो रावण हूँ,.....जन जन में बसा सर्वयापी हूँ,

                                अक्स को मेरे जो मिटा सके,...वह शख्स कहाँ से लाओगे,

                                सिर्फ शब्दों की वॉर में,.....राम कहाँ से लाओगे !!!






Saturday, January 04, 2020

Yaaron ki yaari...


मिलके लगा यारों तुमसे,.....हम मिले हो पहले भी ऐसे,

ये फिल्मी लाइन ही सही,....पर दिल के जज़्बात बयां करते है सही💝💝💝

बहुत कम है लोग ऐसे,....जिनसे हम जुड़ते है,

दिन के उज्जाले में ही नहीं,....रात के अंधेरों में भी मिलते है,

बातें तो कई करते है,....पर दिल में कम ही बसते है💙💙💙

सोचा नहीं था,....कभी यू यारों की महफ़िल लगेगी,

हाथों में ज़ाम, यू होठों पे मुस्कान,...और इस तरह साल की शुरूवात होगी,

यारों की यारी से,...फिर से यू मुलाक़ात होगी💕💕💕

क़ायम रहे दुनिया में यू ही दोस्ती,.. क्योकि दिल है दोस्त तो धड़कन है दोस्ती,

ये  ना हो,....तो वीरान हो ज़िन्दगी,....रेगिस्तान में खिला ग़ुलाब है दोस्ती ,

दुआ है,...साल बीस भी जल्द पार हो,...जो सबके लिए बेमिसाल हो,

सिर्फ़ तबियत में ही नहीं,... हालात में भी सुधार हो💖💖💖


                               बीत गया जो,....सोचके ना वक़्त ज़ाया करो !                                                  नया साल है यारोँ ,....नयी यारी करो !!!






Friday, January 03, 2020

Tere sheher mein...


क़िस्मत की पेटी बांध,...कुछ अधूरी ख्वाहिशें,

अधूरे ख़्वाब लिये,.....आ गए हम भी,

तेरे शहर में....

आरज़ू है....मशहूर होने की गली - गली में,

आलिशान ना सहि....इक आशिया तो हो,

तेरे शहर में .... 

हर तरफ भीड़ सी है,...लगी यहाँ रेस सी है,

ज़िन्दगी तो है.... बस जीने की कमी सी है,

तेरे शहर में ...... 

बाहर कैसे निकलूँ.....कुछ खोने का भय लगता है,

इस अँधेरी रात में....उजाले से डर लगता है,

       "तेरे शहर में..... गुम हो जाने का डर लगता है"

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